लखनऊ. उत्तर प्रदेश विधानसभा के बजट सत्र के आखिरी दिन आज शुक्रवार को मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ विपक्ष के सवालों और आरोपों का जवाब देंगे. इससे पहले पसहहले चार दिनों से विधानसभा में वित्तीय वर्ष 2026-27 के 9.12 लाख करोड़ रुपये के बजट पर विस्तृत चर्चा हुई.
इस बजट सत्र में विपक्ष ने कानून-व्यवस्था, बेरोजगारी, किसानों की समस्याओं, सामाजिक सुरक्षा योजनाओं और विकास परियोजनाओं पर कई सवाल खड़े किए थे. सत्र के दौरान बजट पर बहस काफी गरमागरम रही, जिसमें विपक्ष ने सरकार की नीतियों पर तीखी आलोचना की. अब सभी की नजरें मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के समापन भाषण पर टिकी हैं, जहां वे इन मुद्दों पर सरकार का पक्ष मजबूती से रखेंगे और पिछले नौ वर्षों में उत्तर प्रदेश में आए बदलावों को रेखांकित करेंगे.
गिनाएंगे सरकार की उपलब्धियां
मुख्यमंत्री अपने संबोधन में राज्य की आर्थिक प्रगति, कानून-व्यवस्था में सुधार, निवेश आकर्षण, युवा रोजगार, महिला सशक्तिकरण और इंफ्रास्ट्रक्चर विकास जैसे क्षेत्रों में सरकार की उपलब्धियों पर प्रकाश डालेंगे. साथ ही, बजट में शामिल प्रमुख प्रावधानों जैसे सामाजिक सुरक्षा पेंशन में संभावित वृद्धि, शिक्षा-स्वास्थ्य क्षेत्र में निवेश और अन्य कल्याणकारी योजनाओं की भी चर्चा कर सकते हैं.
विपक्ष के सवालों का देंगे जवाब
यह सत्र 9 फरवरी से शुरू हुआ था और आज के साथ अनिश्चितकाल के लिए स्थगित हो जाएगा. बजट पारित होने के बाद विधानमंडल की कार्यवाही समाप्त होगी. मुख्यमंत्री का आज का संबोधन न केवल विपक्ष के सवालों का जवाब देगा, बल्कि राज्य सरकार की विजन और प्राथमिकताओं को भी स्पष्ट करेगा. उत्तर प्रदेश में विकास की इस गति को बनाए रखने और भविष्य की चुनौतियों से निपटने के लिए सरकार की प्रतिबद्धता पर मुख्यमंत्री जोर देंगे. सदन में मौजूद विधायकों और जनता की नजरें इस महत्वपूर्ण दिन पर केंद्रित हैं, जहां योगी आदित्यनाथ विपक्ष के हर सवाल का करारा जवाब देने की तैयारी में हैं.