यूपी में कल फिर बारिश से होगी तबाहीः इन 35 जिलों अलर्ट-कर लें तैयारी

यूपी में कल का मौसम कैसा रहेगा, 11 जुलाई 2026: उत्तर प्रदेश में मानसून पूरी तरह सक्रिय हो गया है और आने वाले 48 घंटे प्रदेश के कई जिलों के लिए बेहद महत्वपूर्ण रहने वाले हैं। भारत मौसम विज्ञान विभाग (IMD) ने राज्य के कई हिस्सों में भारी से बहुत भारी बारिश के लिए ऑरेंज अलर्ट जारी किया है।

मौसम विभाग का कहना है कि प्रदेश के मध्य भागों में बने ऊपरी हवा के चक्रवाती परिसंचरण और उत्तर-पश्चिम मध्य प्रदेश के ऊपर बने कम दबाव के क्षेत्र के कारण दक्षिण-पश्चिम मानसून और अधिक सक्रिय हो गया है। इसके प्रभाव से 11 जुलाई तक कई जिलों में भारी बारिश, आकाशीय बिजली और तेज हवाएं चलने की संभावना है।

IMD के अनुसार, 11 जुलाई के बाद बारिश की गतिविधियों में धीरे-धीरे कमी आने की संभावना है, हालांकि पूर्वी उत्तर प्रदेश के कुछ जिलों में भारी बारिश का दौर जारी रह सकता है।

IMD ने क्या कहा?
भारत मौसम विज्ञान विभाग (IMD) ने लोगों को सलाह दी है कि तेज बारिश और बिजली गिरने के दौरान खुले स्थानों पर जाने से बचें तथा सुरक्षित स्थानों पर रहें।

प्रदेश के मध्य भागों में ऊपरी हवा में बने चक्रवाती परिसंचरण तथा उत्तर-पश्चिम मध्य प्रदेश के ऊपर बने कम दबाव के क्षेत्र के प्रभाव से दक्षिण-पश्चिम मानसून सक्रिय है। इसके चलते 11 जुलाई तक प्रदेश के कई हिस्सों में भारी से बहुत भारी वर्षा होने की संभावना है। लगातार बादल छाए रहने और व्यापक वर्षा के कारण अगले 48 घंटे में अधिकतम तापमान में 2 से 3 डिग्री सेल्सियस तक गिरावट आ सकती है।

भारतीय मौसम विज्ञान विभाग (IMD)

बीते 24 घंटे में कहां कितनी हुई बारिश?
IMD के मुताबिक शुक्रवार सुबह 8:30 बजे तक पिछले 24 घंटे में प्रदेश के कई जिलों में रिकॉर्ड बारिश हुई।

मेरठ (मवाना) – 315 मिमी
मुजफ्फरनगर (जानसठ) – 270.1 मिमी
मुजफ्फरनगर शहर – 213.3 मिमी
खतौली – 212.4 मिमी
मेरठ शहर – 181.3 मिमी
हापुड़ – 160 मिमी
मिर्जापुर (चुनार) – 160 मिमी
मेरठ (सरधना) – 116 मिमी
मेरठ तहसील – 109 मिमी
चंदौली – 103.5 मिमी
मिर्जापुर – 100.4 मिमी
नजीबाबाद – 81.6 मिमी
बांदा – 81.2 मिमी
बलरामपुर – 81 मिमी
बस्ती – 81 मिमी
नकुड़ – 81 मिमी
चांदपुर – 78 मिमी
औरैया – 73.2 मिमी
कानपुर IAF – 73.2 मिमी
बुढ़ाना – 73.2 मिमी
देवबंद – 71 मिमी
अतर्रा – 70 मिमी
सहारनपुर – 68 मिमी
जौनपुर – 67.6 मिमी
बबेरू – 67.4 मिमी
लंभुआ – 67 मिमी

इन जिलों में ऑरेंज अलर्ट
आईएमडी ने सोनभद्र, मिर्जापुर, चंदौली, गाजीपुर, आजमगढ़, मऊ, बलिया, देवरिया, गोरखपुर, संत कबीर नगर, बस्ती, कुशीनगर, महाराजगंज, सिद्धार्थनगर, गोंडा, बलरामपुर, श्रावस्ती, बहराइच, लखीमपुर खीरी, सीतापुर, हरदोई, बाराबंकी, अयोध्या, सुल्तानपुर, अंबेडकर नगर, सहारनपुर, मुजफ्फरनगर, बिजनौर, मुरादाबाद, रामपुर, बरेली, पीलीभीत और शाहजहांपुर समेत आसपास के क्षेत्रों में भारी से बहुत भारी बारिश की चेतावनी जारी की है।

इसके अलावा प्रयागराज, कौशाम्बी, फतेहपुर, प्रतापगढ़, वाराणसी, जौनपुर, लखनऊ, कानपुर, रायबरेली, अमेठी, मेरठ, हापुड़, बुलंदशहर, बागपत, नोएडा (गौतमबुद्ध नगर), अमरोहा, संभल, बदायूं और जालौन समेत कई जिलों में भी भारी बारिश का अलर्ट जारी किया गया है।

लखनऊ में कैसा रहेगा मौसम?
भारत मौसम विज्ञान विभाग (IMD) के अनुसार 11 जुलाई को लखनऊ में दिनभर बादल छाए रहने के साथ हल्की से मध्यम बारिश होने की प्रबल संभावना है। सुबह से ही आसमान में बादलों का डेरा रहेगा और दोपहर बाद से शाम तक रुक-रुक कर बारिश के कई दौर देखने को मिल सकते हैं। शहर का अधिकतम तापमान 33 डिग्री सेल्सियस और न्यूनतम तापमान 28 डिग्री सेल्सियस के आसपास रहने का अनुमान है। पश्चिम दिशा से 11 से 15 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से हवाएं चलेंगी। हवा में नमी का स्तर 75 प्रतिशत से अधिक रहने के कारण बारिश के बीच-बीच में उमस भी महसूस हो सकती है।

गाजियाबाद में कैसा रहेगा मौसम?
आईएमडी के अनुसार 11 जुलाई को गाजियाबाद में मौसम पूरी तरह से मानसूनी बना रहेगा। सुबह से ही बादल छाए रहेंगे और गरज-चमक के साथ एक या दो दौर की बारिश होने की संभावना है। दोपहर और शाम के समय बारिश की तीव्रता बढ़ सकती है। शहर का अधिकतम तापमान 34 से 36 डिग्री सेल्सियस और न्यूनतम तापमान 25 से 27 डिग्री सेल्सियस के बीच रहने का अनुमान है। बारिश के दौरान 40 से 50 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं चल सकती हैं। हवा में नमी 60 से 80 प्रतिशत के बीच रहेगी, जिससे बारिश रुकने के बाद उमस बढ़ सकती है। तेज हवा और गरज-चमक को देखते हुए लोगों को अनावश्यक रूप से बाहर निकलने से बचने की सलाह दी गई है।

नोएडा में कैसा रहेगा मौसम?
भारतीय मौसम विज्ञान विभाग ने गौतमबुद्ध नगर (नोएडा) के लिए 11 जुलाई को येलो अलर्ट जारी किया है। सुबह के समय आसमान में घने बादल छाए रहने और गरज-चमक के साथ हल्की से मध्यम बारिश होने की संभावना है। हालांकि दोपहर बाद मौसम में कुछ सुधार देखने को मिल सकता है, लेकिन बादल बने रहेंगे। शहर का अधिकतम तापमान 35 से 37 डिग्री सेल्सियस और न्यूनतम तापमान 28 से 29 डिग्री सेल्सियस के बीच रहने का अनुमान है।

कानपुर में कैसा रहेगा मौसम?
कानपुर में 11 जुलाई को मानसून का असर साफ दिखाई देगा। मौसम विभाग के अनुसार दिनभर आसमान में घने बादल छाए रहेंगे और धूप निकलने की संभावना बेहद कम है। सुबह से ही हल्की बारिश का सिलसिला शुरू हो सकता है, जबकि दोपहर और शाम के समय गरज-चमक के साथ तेज बौछारें पड़ने की संभावना है। अधिकतम तापमान 32 से 34 डिग्री सेल्सियस और न्यूनतम तापमान 25 से 29 डिग्री सेल्सियस के बीच रहने का अनुमान है। इस दौरान पश्चिम दिशा से 30 से 40 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं भी चल सकती हैं।

वाराणसी में कैसा रहेगा मौसम?
आईएमडी और मौसम वैज्ञानिकों के अनुसार बंगाल की खाड़ी में बने गहरे कम दबाव के क्षेत्र (डीप डिप्रेशन) का असर वाराणसी में भी देखने को मिलेगा। 11 जुलाई को दिनभर बादल छाए रहने के साथ रुक-रुक कर बारिश होने की संभावना है। सुबह और दोपहर बाद कई इलाकों में गरज-चमक के साथ तेज बौछारें पड़ सकती हैं, जबकि कुछ स्थानों पर भारी बारिश भी हो सकती है। शहर का अधिकतम तापमान 33 से 34 डिग्री सेल्सियस और न्यूनतम तापमान 25 से 28 डिग्री सेल्सियस के बीच रहने का अनुमान है।

मुख्यमंत्री योगी ने दिए निर्देश
लगातार बारिश और आकाशीय बिजली से हुई जनहानि का संज्ञान लेते हुए मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने अधिकारियों को प्रभावित क्षेत्रों का दौरा करने के निर्देश दिए हैं। उन्होंने कहा है कि 24 घंटे के भीतर नुकसान का आकलन कर पीड़ित परिवारों को मुआवजा उपलब्ध कराया जाए। साथ ही घायलों के बेहतर इलाज और राहत कार्यों में किसी प्रकार की लापरवाही न बरती जाए। उल्लेखनीय है कि गुरुवार को प्रदेश के विभिन्न हिस्सों में मौसम संबंधी घटनाओं में कम से कम सात लोगों की मौत हो गई थी।

लोगों के लिए IMD की क्या है सलाह?
भारत मौसम विज्ञान विभाग (IMD) ने प्रदेश के अधिकांश हिस्सों में भारी बारिश, आकाशीय बिजली और तेज हवाओं की चेतावनी को देखते हुए लोगों से विशेष सावधानी बरतने की अपील की है। विभाग ने कहा है कि बारिश और बिजली चमकने के दौरान खुले मैदान, खेत, पेड़ों के नीचे या ऊंचे स्थानों पर खड़े होने से बचें और सुरक्षित भवनों के अंदर ही रहें।