सीतामढ़ी: आपने अभी तक मेड इन चाइना इलेक्ट्रिकल सामान, मोबाइल फोन और झालर बत्तियां ही देखी होंगी। लेकिन क्या होगा जब आपको पता चले कि जो सेब आप हिमाचल के बागान का समझ कर खा रहे हैं, वो भी मेड या ग्रो इन चाइना है? चौंकिए मत, बिहार में चीन वाले एप्पल की भी जमकर तस्करी की जा रही है। उत्तर बिहार में तो लोग इसे खा भी रहे होंगे और उन्हें पता भी नहीं होगा कि सेब देसी नहीं बल्कि विदेशी है और वो भी चीन का।
बिहार में चीनी सेब की तस्करी
यह संभव है कि पूरे बिहार के अधिकतर जिलों के लोग कश्मीर और हिमाचल प्रदेश समेत देश के अन्य जगहों के सेब की जगह चाइनीज सेब ही खाते होंगे। दरअसल, इंडो-नेपाल बॉर्डर पर एसएसबी की तैनाती के बावजूद तस्करी का धंधा बंद नहीं हुआ है। शराब, खाद्यान्न, हथियार समेत अन्य सामग्री के बाद पिछले कुछ वर्षों से तस्कर नेपाल से चाइनीज सेब की भी तस्करी करने लगे हैं। सीतामढ़ी में चाइनीज सेब की बड़ी खेप पकड़ी गई है।
बड़ी मात्रा में चाइनीज सेब की तस्करी
भारत-नेपाल बॉर्डर पर का सीतामढ़ी जिला दोनों देशों के तस्करों का हब माना जाता है। तस्कर भारत से नेपाल बहुत सारे सामानों की तस्करी करते है, तो अधिकांश सामान नेपाल से भारत लाते है। सीतामढ़ी जिले के बॉर्डर से सटे विभिन्न गांवों में गुप्त स्थान/गोदाम में तस्करी का सामान रखा जाता है। इसके बाद वहां से विभिन्न जिलों में छोटे-छोटे कारोबारियों को सप्लाई किया जाता है। इनमें चाइनीज सेब ही नहीं बल्कि चाइनीज नाशपाती भी होती है। इसके अलावा शराब, नशीली दवाएं और गांजा मुख्य रूप से शामिल है। चीन से सेब/नाशपाती को नेपाल लाया जाता है और वहां से तस्कर भारतीय क्षेत्र में लाकर तगड़े मुनाफे के साथ इसे बेचते है।
170 कार्टून चाइनीज सेब जब्त
इसी कड़ी में एसएसबी जवानों ने एक महिन्द्रा बोलेरो पिकअप के साथ तस्करी के चाइनीज सेब की एक बड़ी खेप को जब्त किया है। एक तस्कर को भी पकड़ा गया है। उसकी पहचान सोनबरसा थाना क्षेत्र के मुशहरनिया गांव के अशफाक अंसारी के पुत्र जमील अख्तर के रूप में की गई है। गुप्त सूचना के आधार पर 170 कार्टन सेब के साथ तस्कर जमील को पकड़ा गया है।
ऐसे पकड़ी गई चाइनीज सेब की खेप
एसएसबी के कंपनी कमांडर सब इंस्पेक्टर फुनचुक थेनेलेश ने बताया कि मिली गुप्त सूचना और कमांडेंट संजीव कुमार के आदेश पर लालबंदी दरबार गांव में एक गोदाम पर छापेमारी की गई। वहां एक पिकअप बोलेरो नंबर बीआर- 06 जीडी 6450 पर चाइनीज सेब लोड किया जा रहा था। यह सेब नेपाल से लाकर गोदाम में छिपा दिया गया था। इन सेब को भारतीय क्षेत्र में भेजने की योजना थी। बताया गया है कि कुल 170 कार्टन सेब जब्त किए गए है, जिसे सोनबरसा कस्टम के हवाले कर दिया गया है।
इससे पहले मिली थी चाइनीज नाशपाती
बॉर्डर और बॉर्डर इलाके के गांवों से कोई पहली बात चाइनीज सेब जब्त नहीं हुआ है, बल्कि कई बार जब्त किए जा चुके है। कुछ महीने पहले अक्टूबर 2025 में में सोनबरसा थाना क्षेत्र के एसएसबी जवानों ने चाइनीज नाशपाती लदी एक गाड़ी पकड़ी थी। उसे आधी रात में नेपाल से बिहार लाया जा रहा था। 138 कार्टन नाशपाती के साथ एक तस्कर उदित कुमार महतो को भी दबोचा गया था। वह नेपाल के सर्लाही जिला ईश्वरपुर थाना क्षेत्र का निवासी था। सोनबरसा थाना क्षेत्र के इंदरवा में नेपाल से भारतीय क्षेत्र में लाने के दौरान एसएसबी ने मिनी ट्रक और 120 पेटी चाइनीज सेब जब्त किया था। वो तस्कर हीरा लाल उप्रेती नेपाल के सर्लाही के हरिवन थाना क्षेत्र का निवासी था।