बिहार में पोस्टल बैलेट से हो रही वोटिंग, यहां देखें पूरी डिटेल

जिले के 85 वर्ष से अधिक उम्र व दिव्यांग मतदाता डाक मतपत्र द्वारा बुधवार व गुरुवार को घर बैठे मतदान कर सकेंगे। जिला निर्वाचन पदाधिकारी सह जिलाधिकारी डा. त्यागराजन एसएम ने इसके लिए चार सदस्यीय 75 भ्रमण मतदान टीमों के साथ 14 सुरक्षित टीमें गठित की हैं।

सभी टीमों को प्रशिक्षण के बाद मंगलवार की दोपहर तक एक-एक स्कार्पियो दे दी गई है। बुधवार की सुबह आठ बजे कोषागार से मतदान पत्र उपलब्ध करा दिए जाएंगे। डीएम ने बताया कि 85 वर्ष से अधिक उम्र व दिव्यांग मतदाता जिन्होंने घर से डाक मतपत्र द्वारा मतदान का आवेदन किया था, उन्हें यह सुविधा दी जा रही है, जिन्होंने आवेदन नहीं किया है वे निर्धारित बूथ पर मतदान कर सकेंगे। सभी मतदान केंद्र भू-तल पर हैं और वहां रैंप बनाया गया है।

लोक प्रतिनिधित्व अधिनियम 1951 की धारा 60 के तहत हर विधानसभा क्षेत्र के लिए मतदान पदाधिकारी, माइक्रो आब्जर्वर, फोटोग्राफर व पुलिसकर्मियों की टीम बनाई गई है। मतदाताओं को मतदान दल के आगमन की पूर्व सूचना वाट्सएप, एसएमएस, डाक या बीएलओ के माध्यम से दी जाएगी।

दृष्टिबाधित मतदाता किसी वयस्क स्वजन की सहायता ले सकेंगे पर राजनीतिक दल या प्रत्याशी का व्यक्ति सहयोगी नहीं बन सकेगा। मतदान गोपनीय रहेगा और कार्यक्रम इस प्रकार निर्धारित किया जाएगा कि वास्तविक मतदान की निर्धारित तिथि से एक दिन पहले सभी मतदाताओं का मतदान पूरा हो सके।

डीएम ने कहा कि यह विशेष मतदान अभियान हर नागरिक को मताधिकार का अवसर सुनिश्चित करने की दिशा में प्रशासन की लोकतांत्रिक प्रतिबद्धता को दर्शाता है। मतदान दलों को आवश्यक वाहन, स्टेशनरी सामग्री, अमिट स्याही, ग्लू स्टिक, मतपत्र लिफाफा, कैनवस बैग आदि जिला निर्वाचन शाखा द्वारा उपलब्ध कराए जाएंगे। मतदान दल मतदान के पहले मतदाता की पहचान करेंगे और पहचान पत्र को अंकित कर उनके हस्ताक्षर या अंगूठे का निशान भी लेंगे।