मुज़फ़्फ़रनगर में लोग फिसलकर गिर रहे, बड़े हादसे की आशंका, ग्रामीणों में आक्रोश

मुजफ्फरनगर। मुज़फ़्फ़रनगर के चरथावल क्षेत्र की नहर बस्ती में सिंचाई विभाग की लापरवाही ने आम लोगों की सुरक्षा पर बड़ा सवाल खड़ा कर दिया है। यहां बाउंड्री निर्माण का काम पूरा हुए करीब दो महीने बीत चुके हैं, लेकिन निर्माण का मलबा आज भी सड़क पर ही पड़ा हुआ है, जिससे रोजाना हादसे का खतरा बना हुआ है।

सड़क पर फैले मलबे के कारण रास्ता बेहद संकरा और जोखिम भरा हो गया है। इसी रास्ते से स्कूली बच्चे, बुजुर्ग और कामकाजी लोग रोजाना गुजरते हैं। स्थानीय लोगों के मुताबिक, दोपहिया वाहन चालक कई बार फिसलकर गिर चुके हैं, लेकिन इसके बावजूद जिम्मेदार विभाग ने कोई कार्रवाई नहीं की।

ग्रामीणों का आरोप है कि सिंचाई विभाग के अधिकारी पूरी तरह से आंख मूंदे बैठे हैं और किसी बड़े हादसे का इंतजार कर रहे हैं। उनका कहना है कि सरकारी धन से काम तो कर दिया गया, लेकिन उसकी जिम्मेदारी लेने को कोई तैयार नहीं है।

न तो सड़क से मलबा हटाया गया और न ही सुरक्षा के कोई इंतजाम किए गए, जिससे लोगों में नाराजगी बढ़ती जा रही है। ग्रामीणों ने प्रशासन से मांग की है कि तत्काल मलबा हटाकर सड़क को सुरक्षित बनाया जाए और लापरवाह अधिकारियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाए, ताकि भविष्य में इस तरह की लापरवाही दोबारा न हो।