वाराणसी: ‘शाहरुख खान देश का गद्दार है. जब बांग्लादेश में हिंदुओं की हत्या हो रही है और वहां के खिलाड़ियों को शाहरूख खान अपनी टीम में महंगे बोली पर खरीदता है, ये हम बर्दाश्त नहीं करेंगे. बांग्लादेशी खिलाड़ी को तुरंत KKR टीम से बाहर करो’, ऐसी मांग अब देश के कोने-कोने से उठने लगी है. वाराणसी के युवाओं और हिंदूवादी संगठनों ने इसका विरोध किया है. आंदोलन की भी चेतावनी दी है. योगी आलोक ने लोकल 18 से बातचीत में कहा कि जिस देश में हिंदुओं की हत्या हो रही है, उसके खिलाड़ियों को हम भारत में कत्तई नहीं खेलने देंगे. उस राष्ट्र से हम दर्दी शाहरूख खान दिखा रहे हैं, जो गलत है.
वहीं इस मामले में पतंजलि पांडेय ने कहा कि जिस देश में कट्टरपंथी हिंदुओ को जला और मार रहे हैं, उसी देश के खिलाड़ियों को मंहगे कीमत पर खरीदा जा रहा है. ऐसे में उस पैसों का प्रयोग भी उस राष्ट्र में हिंदुओं के खिलाफ ही होगा. ऐसे में जो भी टीम के मालिक हैं, उन्हें खुद ऐसे खिलाड़ियों की बोली लगाने और उसे अपने टीम में शामिल करने से बचना चाहिए, क्योंकि ये राष्ट्र और हिंदुओं के भावनाओं की बात है, जिससे हम हिंदुस्तानी कोई भी समझौता नहीं करेंगे.
भारत विरोधी ताकतों को नहीं देंगे पनपने
मृत्युंजय तिवारी ने कहा कि ये मसला खिलाड़ियों के खरीद का नहीं, बल्कि नैतिकता और जिम्मेदारी का है. बांग्लादेश में हमारे हिन्दू भाइयों के साथ कत्लेआम हो रहा है. उस दौरान कोई भारत में रहकर भारत माता का अन्न खाकर भारत के विरोधी तत्वों को फायदा पहुंचा रहे हैं. ये निंदनीय और काफी दुर्भाग्यपूर्ण है. हम इसका विरोध करते हैं और मांग करते हैं कि ऐसे खिलाड़ी को तत्काल KKR टीम से बाहर का रास्ता दिखाना चाहिए.
करोड़ो में खिलाड़ी को खरीदना गलत
इस मामले को लेकर रामजी सिंह ने कहा कि करोड़ों रुपए में बांग्लादेशी खिलाड़ी को खरीदना पूरी तरह से गलत है. इसके लिए शाहरूख खान को माफी मांगनी चाहिए और बांग्लादेशी खिलाड़ी को टीम से बाहर का रास्ता दिखाना चाहिए. वहीं अभिषेक सिंह ने कहा कि आईपीएल में बांग्लादेशी खिलाड़ी को खिलाने का वो पुरजोर विरोध करते हैं. बात जब राष्ट्र और धर्म की हो, तो ऐसे मामलों में हर हिंदुस्तानी को एक होना चाहिए और ऐसे कट्टरपंथियों को इसका मुंहतोड़ और करारा जवाब देना चाहिए. इसके लिए सरकार से पहले हर आदमी को अपनी ओर से प्रयास करना चाहिए.