राजस्थान सरकार ने किसानों को दी बड़ी राहत, बेमौसम बारिश में बर्बाद हुई फसलों पर मिलेगा मुआवजा

जयपुर: मानसून विदा हो जाने के बाद भी इस बार बारिश का दौर जारी है। बंगाल की खाड़ी में उत्पन्न हुए चक्रवाती सिस्टम की वजह से राजस्थान सहित कई राज्यों में बेमौसम की बारिश हो रही है। यह समय खरीफ की फसलों के कटाई का है। हजारों किसानों ने अपने खेतों में फसलें काट रखी हैं लेकिन कटी फसल पर अचानक भारी बारिश की वजह से फसलों को भारी नुकसान पहुंचा है। मानसून की फसलें तबाह होने पर किसान सरकार से मुआवजे की मांग करने लगे। राज्य सरकार ने किसानों की परेशानी समझते हुए बड़ी राहत देने का ऐलान किया है।

फसल बीमा योजना से होगी नुकसान की भरपाई
राज्य के कृषि मंत्री डॉ. किरोड़ी लाल मीणा की पहल पर प्रदेश के किसानों को बड़ी राहत मिलने वाली है। डॉ. मीणा ने प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना के तहत किसानों की फसलों को हुए नुकसान की भरपाई करने का भरोसा दिलाया है। उन्होंने कहा कि नुकसान की भरपाई पीएम फसल बीमा योजना के तहत की जाएगी। इस संबंध में अधिकारियों को निर्देश दे दिए गए हैं। प्रभावित किसानों को तीन दिन के भीतर कृषि रक्षक पोर्टल या हेल्पलाइन नंबर 14447 पर नुकसान होने की सूचना देनी होगी। डॉ. मीणा ने मेरी पॉलिसी मेरे हाथ अभियान की शुरुआत की है।

बीमा कंपनियों को सर्वे के निर्देश
कृषि एवं उद्यानिकी विभाग के शासन सचिव राजन विशाल ने बताया कि विभाग ने बीमा कंपनियों को प्राप्त सभी इंटीमेशन का तत्काल सर्वे कर कार्यवाही करने के निर्देश दिये हैं। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री फसल बीमा योजनान्तर्गत असामयिक वर्षा के कारण फसल कटाई उपरान्त खेत में सुखाने के लिए रखी फसल को 14 दिन की अवधि में नुकसान होने पर व्यक्तिगत आधार पर बीमा आवरण उपलब्ध है। असामयिक वर्षा से प्रभावित काश्तकारों के लिए बीमित फसल के नुकसान की सूचना 72 घंटे के भीतर जिले में कार्यरत बीमा कम्पनी को देना जरूरी है, ताकि नुकसान का आकलन कर बीमा क्लेम देने की कार्यवाही की जा सके। पोर्टल और हेल्पलाइन के अलावा प्रभावित किसान जिले में कार्यरत बीमा कम्पनी, नज़दीकी कृषि कार्यालय अथवा सम्बन्धित बैंक को भी हानि प्रपत्र भरकर सूचना दे सकते है।