यूपी एसआईआर को लेकर योगी सरकार में बंटवारा!

लखनऊ: उत्तर प्रदेश में एसआईआर प्रक्रिया तेजी से चल रही है। एसआईआर का फॉर्म भरकर जमाकर करने की आखिरी तारीख 11 दिसंबर है। इस तारीख तक सभी पात्र नागरिकों का SIR फॉर्म भरकर जमा हो जाए, इसको लेकर सभी प्रयास भी किए जा रहे हैं। एसआईआर को लेकर राजनीतिक दलों के साथ ही अब योगी सरकार ने भी कमर कस ली है। इसको लेकर मुख्यमंत्री और दोनों उप-मुखमंत्रियों को जिले बांट दिए गए हैं। इस संबंध में उप-मुख्यमंत्री केशव प्रसाद मौर्य ने कहा कि 25-25 जिले मुख्यमंत्री ( योगी आदित्यनाथ) और दोनों उपमुख्यमंत्री (केशव प्रसाद मौर्य, ब्रजेश पाठक) को बांटा गए हैं। इन जिलों का हम लोग काम देख रहे हैं।

उपमुख्यमंत्री केशव प्रसाद मौर्य ने कहा कि जब चुनाव आयोग द्वारा मतदाता सूची शुद्धिकरण का अभियान चल रहा है तो इससे कोई मतदाता वंचित न रह जाए। इसके लिए अलग-अलग जिलों की बैठकें लेने के लिए कहा गया है। हम उसी के क्रम में प्रयागराज से शुरूआत कर रहे हैं। उपमुख्यमंत्री ने कहा कि सभी बीएलओ से अपील की कि वें ममता बनर्जी, अखिलेश यादव और राहुल गांधी के चक्कर में न पड़े। एसआईआर का विरोध करने वालों को चक्कर में न पड़े, सभी बीएलओ अपने कर्तव्य का हिम्मत और जिम्मेदारी के साथ पालन करें।

बीएलओ को उप-मुख्यमंत्री का संदेश
केशव प्रसाद मौर्य ने कहा कि आत्महत्या किसी भी समस्या का समाधान नहीं है, लेकिन लोकतंत्र की मजबूती और वोटर लिस्ट शुद्धिकरण के लिए अभियान चल रहा है। उन्होंने कहा कि स्वर्गीय मतदाता का नाम हटना चाहिए। अगर कोई घुसपैठिया इन तुष्टिकरण की राजनीति करने वालों के चक्कर में घुस आया है तो उनका नाम भी घटना चाहिए। किसी वोटर का नाम एक जगह से ज्यादा जगहों पर हैं तो उसका नाम एक स्थान पर होना चाहिए। इसके साथ ही अगर किसी युवक की उम्र 18 साल हो गई है तो उसका नाम वोटर लिस्ट में जुड़ना चाहिए। ये एक लोकतांत्रिक प्रक्रिया है, हमेशा होती रही है।

घुसपैठियों पर सरकार का वार
उपमुख्यमंत्री ने कहा कि बीजेपी हर जगह चुनाव जीत रही है, अभी बिहार में बहुमत के साथ जीती है। आने वाले दिनों में जहां भी चुनाव होंगे, वहां जीतने के पूरे चांसेज हैं। इसकी वजह से ये विपक्षी बौखला गए हैं और उल्टे सीधे प्रलाप कर रहे हैं। इसका जनता पर कोई असर नहीं है।

वहीं उपमुख्यमंत्री बृजेश पाठक ने कहा कि एसआईआर अभियान के तहत लोगों को जो गणना पपत्र मिला है, उसे भरकर निर्वाचन कार्यालय में BLO के माध्यम से जमा करा दें, जिससे उनका नाम वोटर लिस्ट में प्रकाशन आ जाए। जो लोग घुसपैठिए के रूप में अनधिकृत रूप से निवास कर रहे हैं उन्हें चिह्नित करके उनका नाम कटवाने के लिए अवश्य जमा करें।